प्रदेश को मिली ग्रामीण परिवहन सेवा की सौगात
दिसम्बर परिवहन एवं गृह राज्य मंत्री वीरेन्द्र बेनीवाल ने उदयपुर रोडवेज बस स्टेण्ड से शुक्रवार को राज्य की ग्रामीण जनता को राजस्थान ग्रामीण परिवहन सेवा की सौगात दी।

परिवहन एवं गृह राज्य मंत्री वीरेन्द्र बेनीवाल ने उदयपुर रोडवेज बस स्टेण्ड से शुक्रवार को राज्य की ग्रामीण जनता को राजस्थान ग्रामीण परिवहन सेवा की सौगात दी।
मुख्यमंत्री अशोक गहलोत की घोषणा की क्रियानिवति के क्रम में उदयपुर से आरंभ ग्रामीण परिवहन सेवा के आरंभिक चरण में उदयपुर, अलवर दौसा व करोली जिलों को जोड़ा गया है। परिवहन राज्यमंत्री ने उदयपुर जिले के 6 मार्गों के लिए 10 वाहनों का विधिवत पूजन कर हरी झंडी दिखा राजस्थान ग्रामीण परिवहन सेवा का प्रादेशिक स्तरीय शुभारंभ किया।
इस मौके पर आयोजित समारोह को संबोधित करते हुए श्री बेनीवाल ने कहा कि प्रदेश की जनता को तरक्की के समान अवसर मुहैया कराने के लिए वर्तमान सरकार की चौथी वर्षगांठ के मौके पर यह सौगात प्रदेशवासियों को दिया जाना मुख्यमंत्री श्री गहलोत की जनता के प्रति जवाबदेही एवं विकास के प्रति प्रतिबद्धता का परिचायक है।
उन्होंने कहा कि राजस्थान तरक्की के पथ पर तेजी से अग्रसर हो रहा है सरकार की कल्याणकारी योजनाओं ने प्रदेश की तस्वीर बदल दी है, ऐसे में बड़े तबके को यातायत के सुगम साधनों की उपलब्धता से ग्रामीण क्षेत्रा को विकास की नर्इ दिशा मिलेगी। इससे शहरी क्षेत्रा के समान ग्रामीणों के जीवन में बदलाव के नए अवसर पैदा होंगे।
श्री बेनीवाल ने कहा कि राजस्थान में तीव्र विकास एवं नवीनतम लोक कल्याणकारी योजनाओं की क्रियानिवति के लिये सरकार की जनता के प्रति जवाबदेही से दुनिया के अन्य राष्ट्र अचंभित है, यह गौरव की बात है। राज्य विकसित राज्यों की प्रतिस्पद्र्धा में आर निजी क्षेत्रो में भी नित नए निवेश यहां हो रहे हैं। इससे स्थानीय जनता को रोजगार के नए अवसर मिल रहे हैं।
उन्होंने राज्य में परिवहन सेवाओं के प्रति प्रतिबद्धता जताते हुए कहा कि आम जन को सुविधाजन परिवहन सेवाएं देना सरकार का दायित्व है। उन्होने ग्रामीण परिवहन सेवा का उदाहरण देते हुए कहा कि इन वाहनों में समयबद्धता के साथ-साथ किराया सूची एवं र्इटीएम से टिकट व्यवस्था की सुविधा ग्रामीणों को मिलेगी। रोड़वेज के समान ही किराया दर पर ये वाहन उपलब्ध होंगे व पबिलक प्राइवेट पार्टनरशिप माडल पर कार्य करते हुए सेवा का संचालन किया जायेगा। आपरेटर्स को इसमें कोर्इ हानि होती है, तो इसकी पूर्ति सरकार करेगी।
उन्होंने कहा कि पदकवीर, नि:शक्त, गंभीर रोगों से पीडि़त आदि सहित 17 चिनिहत वगाेर्ं को नि:शुल्क परिवहन सुविधा का लाभ देकर भी सरकार सामाजिक सरोकारों से जुड़ी है।
श्रम,युवा मामलात एवं खेल राज्यमंत्री मांगीलाल गरासिया ने कहा कि सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं मे राज्य को नर्इ दिशा दी है, हर क्षेत्रा में नवाचारों से नए आयाम मिले हैं ऐसे में ग्रामीण परिवहन सेवा भी मील का पत्थर साबित होगी।
संसदीय सचिव गजेन्द्र सिंह शक्तावत ने कहा कि यातायात संसाधनों का अभाव देख रहे ग्रामीण तबके के लिए मुख्यमंत्री श्री अशोक गहलोत की यह अनूठी सौगात है इसमें निजी क्षेत्रा के मुकाबले बेहतरीन परिवहन सेवा का लाभ ग्रामीणों को मिल सकेगा।

उदयपुर सांसद रघुवीर सिंह मीणा ग्रामीण परिवहन सेवा को श्रम एवं कृषि बाहुल्य प्रदेशवासियों के लिए अनूठी सौगात बताते हुए कहा कि इससे ग्रामीण मागोर्ं पर दुर्घटनाओं में भी कमी आएगी। उन्होंने पीपीपी मोड पर आधारित इस सेवा से जुड़े आपरेटर्स का आहवान किया कि वे सामाजिक सरोकार निभाते हुए व्यावसायिकता से परे परिवहन सेवाओं को विस्तार देने की जरूरत बतायी।
रोड़वेज के अध्यक्ष एवं प्रबन्धक निदेशक डा.मंजीत सिंह ने बताया कि ग्रामीण परिवहन सेवान्तर्गत 200 बसें एक माह की अवधि में संचालित कर दी जायेगी। राजस्थान के बाकी जिलों मे भी 30 जनवरी तक सेवा प्रारम्भ करने के लिए निविदाए की जा चुकी है। जहां जरूरत होगी वहां रोडवेज बसों का भी संचालन किया जायेगा।
रोड़वेज के कार्यकारी निदेशक विश्राम मीणा ने बताया कि ग्रामीण परिवहन सेवा के लिए 10 करोड़ का प्रावधान किया गया है। इसमें प्रथम चरण में राज्य के 17 क्लस्टर्स में 77 मागोर्ं पर 177 बसें आरंभ की जा रही है। पूरे राज्य में पीपीपी माडल पर वाहन संचालित होंगे, जो रोड़वेज बसों की दर पर होंगे।
कार्यक्रम को विधायक श्रीमती सज्जन कटारा (उदयपुर ग्रामीण) एवं श्रीमती बसंती देवी मीणा(सलूम्बर) ने भी संबोधित किया। समारोह में अति. मुख्य सचिव(परिवहन) ओपी मीणा, जिला कलक्टर विकास सीतारामजी भाले, पूर्व उप प्रमुख लक्ष्मीनारायण पंडया, समाजसेवी जगदीश राज श्रीमाली, रोड़वेज के कार्यकारी निदेशक (यांत्रिकी) हेमन्त श्रीमाली, अति.परिवहन आयुक्त पवन अरोड़ा, उदयपुर के जोनल मेनेजर (रोडवेज)टी.सी. गोयल, मुख्य प्रबन्धक (रोडवेज) एस.के भटट सहित बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधि, समाजवेसी एवं गणमान्य लोग मौजूद थे।
