Success Story : 22 की उम्र में IPS और 23 में बनी IAS, घर से तैयारी कर पास की UPSC परीक्षा

 | 
 22 की उम्र में IPS और 23 में बनी IAS, घर से तैयारी कर पास की UPSC परीक्षा 

Udaipur Times, IAS Success Story, UPSC Success Story IAS : कहते है की मेहनत करने वालों की कभी भी हार नहीं होती है उन्हे मेहनत का नतीजा सफलता के रूप में मिलता है। इसलिए कहते है की मेहनत करते रहिए फलता खुद चलकर आपके कदम चूमेगी। आज हम आपके लिए ऐसी ही एक सफलता की कहानी लेकर आयें है, हरियाणा में महेंद्रगढ़ के गांव की बेटी दिव्या तंवर की। जिन्होंने अपनि कड़ी मेहनत से न केल अपने माँ-बाप का सपना पूरा किया बल्कि अपने क्षेत्र का नाम भी रोशन किया है। 

 22 की उम्र में IPS और 23 में बनी IAS

गांव में एक छोटे से कमरे में बिना किसी संसाधन न लैपटॉप, न फोन न कोई वाई फाई कनेक्शन। न कोचिंग में देने की मोटी-मोटी फीस। लेकिन दिव्या ने अपने स्कूल में एक SDM को देखकर तय कर लिया था कि मैं अपनी माँ के लिए वही रुतबा, शोहरत हासिल करूंगी जो एक अफसर की मां को मिलते होंगे। दिव्या ने पिता के जाने के बाद तीन बच्चों की परवरिश करने वाली मां के लिए यह सपना पूरा कर दिखाया। Success Story

दिव्या अपने इंटरव्यू में बताती हैं कि जब वह आठ नौ साल की थी तो सिर से पिता का साया उठ गया था। लेकिन मैने यूपीएससी पास करने के लिए हमेशा मेरी माँ को दिमाग में रखा की अगर में कुछ बन गई तभी इनका माँ सम्मान बढ़ा पाऊँगी। 

 22 की उम्र में IPS और 23 में बनी IAS

IAS बनने का सपना 

दिव्या ने कहा कि जब मैं स्कूल के बाद कॉलेज गई तो UPSC का पता चला। फिर मैंने UPSC की वेबसाइट से सिलेबस देखा। Success Story

घर में रहकर तैयारी 

दिव्या ने बताया कि मैंने बिना किसी की मदद लिए यूपीएससी का पूरा सिलेबस देखा, पैटर्न देखा और फिर घर के उसी एक कमरे में तैयारी तैयारी शुरू कर दी। दिव्या ने बताया की मुझे मां के साथ साथ बहन भाई ने भी बहुत ज्यादा सपोर्ट किया। 

तैयार की स्ट्रेटजी 

इस फील्ड में तो आसपास रिलेटिव या सीनियर कोई था नहीं। दिव्या ने तैारी के बारे में बस गूगल यूट्यूब से देखा। दिव्या बताती हैं कि 5वीं तक गांव में पढ़ी, फिर पांचवीं में नवोदय में सेलेक्शन हो गया। उसके बाद 12वीं के बाद सरकारी PG कॉलेज से ग्रेजुएशन किया। फीस और किताबों के खर्च के लिए गांव के मनु स्कूल में दो तीन घंटे पढ़ाती थी। घर में ट्यूशन पढ़ाया। Success Story

 22 की उम्र में IPS और 23 में बनी IAS

मैंने टॉपर्स के जो इंटरव्यू देखे थे, उनकी सुझाई किताबें खरीदीं। NCERT की किताबों से तैयार की। बता दें कि दिव्या का यह दूसरा प्रयास था, UPSC सिविल सेवा परीक्षा 2021 उनका पहला प्रयास था। पिछली बार उनकी 438वीं रैंक थी और उन्हें IPS रैंक मिली थी। उन्हें मणिपुर कैडर अलॉट हुआ था। Success Story

लेकिन उन्होंने IAS बनने के लिए तैयारी जारी रखी और UPSC परीक्षा 2022 के रिजल्ट में मेहनत रंग लाई जिससे उन्हें 105वीं रैंक मिली है।

Follow UdaipurTimes on Facebook , Instagram , and Google News