गांव वालों ने पढ़ने से रोका ! फिर भी नहीं मानी हार, कड़ी मेहनत से IAS बन रचा इतिहास
Udaipur Times, Success Story : कहते है की मेहनत करने वालों की कभी भी हार नहीं होती है जो लोग मेहनत करना जानते है सफलता एक न एक दिन उन्हे अवश्य मिलती है। सब लोगों की अपनी परेशानियों हर किसी को होती है लेकिन बहुत कम लोग होते हैं जो समस्याओं का सामना करके इतिहास रचते है। आज हम आपको एक ऐसी ही IAS अफसर के बारें में बताने आ रहे है जिन्होंने जिंदगी में कई उतार- चढ़ाव के बाद भी हार नहीं मानी।
अफसर बनने से पहले यहां तक की पूरा गांव उसके विरोध में खड़ा हो गया। लेकिन फिर भी होनसला बनाए रखा और फिर एक दिन ऐसा आया जब उसने UPSC क्रैक कर पूरे बिहार का नाम रोशन किया और विरोध करने वाले भी उसकी सफलता को देखकर खुश हुए। Success Story
गांव वालों ने पढ़ने से रोका
बिहार से ताल्लुक रखने वाली IAS अफसर प्रिया रानी की। फुलवारी शरीफ के कुरकुरी गांव की रहने वाली प्रिया रानी ने UPSC परीक्षा में 69वीं रैंक हासिल की। लेकिन उनका ये सफर बिल्कुल भी आसान नहीं था। बचपन में ही प्रिया काफी होनहार थी। Success Story

दादा का हौसला
जब प्रिया का पूरा गांव उनकी पढ़ाई में विरोध में कर रहा था ऐसे में सिर्फ उनका परिवार ही उनके साथ था। इस सफलता में प्रिया के दादा का काफी अहम योगदान रहा। जब पूरा गांव उनके खिलाफ खड़ा हो गया तो दादा ने साथ दिया। Success Story
चली गई पटना
प्रिया रानी को करीब 20 वर्ष पहले उनके दादा ने उन्हें पढ़ने के लिए पटना भेजा था। यहां अपने घर से दूर पटना में किराए के मकान में रहकर प्रिया ने अपनी पढ़ाई पूरी की और यहीं से उनका UPSC का सफर शुरू हुआ। Success Story

UPSC का सफर
बीआईटी मेसरा से इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग की डिग्री हासिल करने के बाद प्रिया रानी ने UPSC परीक्षा की तैयारी शुरू कर दी। लेकिन पहले प्रयास में उन्हें सफलता नहीं मिली। हांलाकि उन्होनें हार नहीं मानी और फिर से एग्जाम दिया। लेकिन किस्मत का साथ उन्हें फिर से नहीं मिला। Success Story
UPSC क्रैक कर बनीं IAS
प्रिया रानी ने बताया की 'साल 2021 में मेरी रैंक AIR 284 थी लेकिन मैं संतुष्ट नहीं थी' और इसलिए मैंने चौथी बार एग्जाम दिया और UPSC 2023 में मुझे AIR 69 रैंक हासिल हुई। आपको बता दें कि प्रिया रानी कसौली हिमाचल प्रदेश में इंडियन डिफेंस सर्विस में अपना योगदान दे रही हैं।
