हरियाणा में इन छात्राओं को मिलेगी स्कॉलरशिप, जाने क्या है नई प्रज्ञा योजना ?
Udaipur Times, Haryana News, भिवानी : माननीय सर्वोच्च न्यायालय और राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण नालसा के दिशा-निर्देशों के अनुपालन में, हरियाणा राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण के सहयोग से जिला विधिक सेवा प्राधिकरण ने एक बेहद सराहनीय और जनहितैषी पहल की शुरुआत की है। इस विशेष पहल के तहत जिले की अत्यंत जरूरतमंद और संवेदनशील श्रेणियों में आने वाली छात्राओं को वित्तीय सहायता प्रदान करने के लिए प्रज्ञा योजना के अंतर्गत छात्रवृत्ति दी जाएगी।
मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी-एवं जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के सचिव पवन कुमार ने इस संबंध में विस्तृत जानकारी देते हुए बताया कि माननीय भारत के मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत ने कोल इंडिया लिमिटेड के सीएसआर फंड के माध्यम से देश भर की 1,000 जरूरतमंद छात्राओं को छात्रवृत्ति देने की मंजूरी प्रदान की है। यह छात्रवृत्ति कक्षा 8 या उससे ऊपर की कक्षाओं में पढ़ रही पात्र छात्राओं को आगामी चार वर्षों की अवधि के लिए दी जाएगी।
इस महत्वाकांक्षी योजना को धरातल पर उतारने के लिए जिला शिक्षा अधिकारी और जिला कार्यक्रम अधिकारी को पत्र जारी कर दिया गया है। उन्हें अपने अधिकार क्षेत्र के सभी सरकारी व निजी स्कूलों के प्रधानाचार्यों/मुखियाओं और फील्ड कर्मचारियों को इस संबंध में आवश्यक दिशा-निर्देश देने के लिए कहा गया है।
पात्रता के लिए तय की गईं श्रेणियां
उन्होंने बताया कि योजना के अंतर्गत भिवानी जिले और इसके उप-मंडलों से निम्नलिखित श्रेणियों में आने वाली छात्राओं की पहचान कर उनके नामों की सिफारिश की जाएगी। ऐसी छात्राएं जिन्होंने अपने माता-पिता दोनों को खो दिया है, ऐसी छात्राएं जिन्होंने अपने परिवार के एकमात्र कमाने वाले अभिभावक को खो दिया है, दिव्यांग (शारीरिक रूप से अक्षम) छात्राएं, ऐसी छात्राएं जिनके माता-पिता उनकी शिक्षा का खर्च उठाने में पूरी तरह असमर्थ हैं, ऐसी छात्राएं जिनके पिता वर्तमान में कारागार में हैं और माता की आय शिक्षा का खर्च उठाने के लिए पर्याप्त नहीं है, जनजातीय समुदाय की ऐसी छात्राएं जिनके माता-पिता की आय इतनी नहीं है कि वे पढ़ाई का खर्च उठा सकें, अत्यंत गंभीर परिस्थितियों या अत्यधिक संकट से गुजर रही अन्य कोई भी समान श्रेणी की छात्रा। यह जानकारी 20 जुलाई 2026 तक भेजी जा सकती है।
