Udaipur Times, Haryana News, चंडीगढ़ : मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी की अध्यक्षता में आज यहां हुई हरियाणा मंत्रिमंडल की बैठक में खान एवं भूविज्ञान विभाग में माइनिंग गार्ड के पद को ग्रुप-डी (सीधी भर्ती स्तर) से अपग्रेड करके ग्रुप-सी (एफपीएल-2) में अपग्रेड करने के प्रस्ताव को सैद्धांतिक मंजूरी प्रदान की गई। इस निर्णय का उद्देश्य सरकारी पदों की भर्ती में पूर्व अग्निवीरों के लिए राज्य सरकार द्वारा अधिसूचित आरक्षण एवं अन्य लाभों के क्रियान्वयन को सुविधाजनक बनाना है।
मंत्रिमंडल द्वारा माइनिंग गार्ड के पद को ग्रुप-सी के पदों के लिए लागू खान एवं भूविज्ञान विभाग के संबंधित सेवा नियमों के अंतर्गत लाने की भी मंजूरी दी गई। इसके लिए हरियाणा खान एवं भूविज्ञान विभाग (ग्रुप-सी) सेवा नियम, 1998 में आवश्यक संशोधन किए जाएंगे।
उल्लेखनीय है कि राज्य सरकार ने सरकारी पदों पर भर्ती में पूर्व अग्निवीरों को कई तरह के लाभ प्रदान करने की अधिसूचना जारी की है। इनमें क्षैतिज आरक्षण, अधिकतम आयु सीमा में छूट, सामान्य पात्रता परीक्षा (सीईटी) से छूट तथा जहां लागू हो, फिजिकल स्क्रीनिंग टेस्ट से छूट शामिल हैं।
इस पद को अपग्रेड करने से यह अन्य विभागों में समान पदों के अनुरूप हो जाएगा। इनमें वन विभाग में फॉरेस्ट गार्ड, कारागार विभाग में वार्डर तथा गृह विभाग में पुलिस कांस्टेबल शामिल हैं, जिन्हें ग्रुप-सी के पदों के रूप में वर्गीकृत किया गया है। ग्रुप-सी के पदों पर भर्ती में सीईटी के अतिरिक्त चयन प्रक्रिया के विभिन्न चरण शामिल होते हैं। इससे पूर्व अग्निवीरों के लिए राज्य सरकार की नीति को लागू करते समय अभ्यर्थियों की उपयुक्तता का आकलन करने के लिए उचित व्यवस्था स्थापित की जा सकेगी।
प्रशासनिक विभाग को संबंधित सेवा नियमों में आवश्यक संशोधन करने तथा जहां भी आवश्यक हो, मानव संसाधन विभाग, वित्त विभाग और अन्य संबंधित विभागों से आवश्यक अनुमोदन एवं सहमति प्राप्त करने के लिए अधिकृत किया गया है। इसके अतिरिक्त, माइनिंग गार्ड के पद को हरियाणा खान एवं भूविज्ञान विभाग (ग्रुप-डी) सेवा नियम, 1998 से भी हटाया जाएगा।