₹55000 करोड़ की लागत से तैयार होगा 701 KM लंबा ये नया एक्सप्रेसवे, देखें पूरा रूट प्लान ?
Udaipur Times, Mumbai Nagpur Expressway : देशभर में तेजी से सड़कों का जाल बिछाया जा रहा है, जिससे वाहन चालकों को बड़ा फायदा मिल सके और सफर को जाम मुक्त बनाया आ सके। मुंबई–नागपूर एक्सप्रेसवे महाराष्ट्र की आर्थिक राजधानी मुंबई को उपराजधानी नागपूर से जोड़ने वाला एक अत्यंत महत्वपूर्ण और हाई-स्पीड कॉरिडोर है। इस महामार्ग से जुड़ी मुख्य बातें और ताज़ा अपडेट निम्नलिखित हैं:
मुख्य विशेषताएँ और आंकड़े
कुल लंबाई: 701 किलोमीटर।
अनुमानित लागत: लगभग ₹55,000 करोड़।
यात्रा समय: इस एक्सप्रेसवे के बनने से मुंबई और नागपूर के बीच की दूरी तय करने में लगने वाला समय घटकर महज़ 8 घंटे रह गया है।
गति सीमा (Speed Limit): इस हाई-स्पीड कॉरिडोर पर वाहनों के लिए अधिकतम गति सीमा 150 किमी/घंटा तय की गई है।
लेन क्षमता: यह एक 6-लेन चौड़ा एक्सेस-कंट्रोल एक्सप्रेसवे है।
रूट और लाभ
यह महामार्ग महाराष्ट्र के कुल 10 जिलों और अमरावती, औरंगाबाद (छत्रपती संभाजीनगर), और नाशिक जैसे प्रमुख संभागों से होकर गुजरता है।
इसके निर्माण से राज्य के ग्रामीण इलाकों में कृषि आधारित उद्योगों, लॉजिस्टिक्स हब और नए शहरी केंद्रों के विकास को बढ़ावा मिल रहा है। इसके दोनों किनारों पर बड़े पैमाने पर हरित कॉरिडोर के तहत पेड़ भी लगाए गए हैं।
ताज़ा अपडेट और स्थिति (Status Update)
पूर्ण संचालन: नागपूर से शुरू होकर शिर्डी और इगतपुरी होते हुए मुंबई (आमणे) तक का पूरा 701 किमी का हिस्सा अब यातायात के लिए पूरी तरह से खुल चुका है।
सुरक्षा और तकनीक: ड्राइवरों की सुरक्षा और त्वरित सहायता के लिए इस पर एडवांस्ड ट्रैफिक मैनेजमेंट सिस्टम (ITMS), सीसीटीवी कैमरे, स्पीड गन और हर 50 किमी पर इमरजेंसी रिस्पॉन्स सेंटर (एंबुलेंस व क्रेन सेवा) की सुविधा उपलब्ध कराई गई है।
भविष्य की योजनाएं: हाल ही में सरकार ने इस महामार्ग के समानांतर एक समर्पित रेल कॉरिडोर (Dedicated Freight Corridor) और एक्सप्रेसवे के विस्तार से जुड़ी अन्य मल्टी-मोडल परियोजनाओं के प्रस्तावों को भी गति दी है।