राष्ट्र एकता एवं सशक्तिकरण के लिए हो कलम का उपयोग – कटारिया
पंचायतीराज एवं ग्रामीण विकास मंत्री गुलाबचन्द कटारिया ने कहा कि कलम ने ऐतिहासिक काल से देश को सही दिशा देने का दायित्व निभाया है, आज देश में सामाजिक समरसता, मूल्यों की पुनर्स्थापना एवं राष्ट्र निर्माण के लिए चेतना लाने वाली पत्रकारिता की जरूरत है।
पंचायतीराज एवं ग्रामीण विकास मंत्री गुलाबचन्द कटारिया ने कहा कि कलम ने ऐतिहासिक काल से देश को सही दिशा देने का दायित्व निभाया है, आज देश में सामाजिक समरसता, मूल्यों की पुनर्स्थापना एवं राष्ट्र निर्माण के लिए चेतना लाने वाली पत्रकारिता की जरूरत है।
कटारिया सोमवार को उदयपुर के सुखाडिया रंगमंच पर इंडियन फेडरेशन ऑफ वर्किंग जर्नलिस्ट्स के 67वें अधिवेशन के समापन अवसर पर बतौर मुख्य अतिथि संबोधित कर रहे थे।
कटारिया ने कहा कि लोकतंत्र के चौथे स्तंभ पत्रकारिता से जुडे कलमकार को चाहिए कि वे राष्ट्रहित को सर्वोपरि रखते हुए विकासकारी लेखन को तरजीह दें। उन्होंने कहा कि हमारे राष्ट्र हित के लिए मेवाड ने सदैव त्याग और बलिदान का इतिहास रचा है, इसमें पन्ना एवं चूण्डावत रानी के बलिदान को भुलाया नहीं जा सकता।
उन्होंने कहा कि कलम में बहुत बडी ताकत है इसका सकारात्मक एवं सही दिशा में उपयोग होना जरूरी है।
राजसमन्द विधायक किरण माहेश्वरी ने कहा कि हर समस्या के निदान में मीडिया की अहम भूमिका है। उन्होंने उदयपुर की झीलों को प्रदूषण मुक्त बनाने के लिए लेखन से जुडे व्यक्तियों को अपनी कलम की ताकत से आमजन को प्रेरित करने की बात कही। उन्होंने पत्रकार वर्ग से जुडी समस्याओं को दूर करने की दिशा में सरकार के स्तर पर ठोस कदम उठाने की बात कही और कहा कि पत्रकार कल्याण के लिए और भी योजनाएं बनाने की आवश्यकता है।
समारोह को मुमताज मसीह एवं विद्यापीठ के कुलपति एस.एस.सारंगदेवोत ने भी संबोधित किया। कार्यक्रम का संयोजन करते हुए फेडरेशन के उपाध्यक्ष सत्य पारीक ने राजस्थान की झीलों के संरक्षण की ओर सरकार का ध्यान आकृष्ट किया।
इस अवसर पर देशभर से आएं पत्रकार प्रतिनिधियों ने अतिथियों को स्मृति चिह्न, पगड़ियों व शॉल से सम्मान किया।
समारोह में महासचिव परमानंद पांडे, सचिव हेमन्त तिवारी, नमिता बोहरा सहित विभिन्न प्रांतो से आए एवं स्थानीय पत्रकारगण मौजूद थे।
