विनय भाणावत का पॉण्डिचेरी के मुख्यमंत्री ने किया सम्मान
शहर के मशहूर डाक टिकट, करेंसी नोट एवं सिक्कों के संग्रहकर्ता विनय भाणावत ने असिस्ट वर्ल्ड रिकॉर्ड्स रिसर्च फाउण्डेशन में अपना नाम दर्ज करवा कर दुनिया के नम्बर वन संग्रहकर्ता बनने का गौरव हासिल किया तथा पॉण्डिचेरी के मुख्यमंत्री थिरू एन रंगासामी के हाथों सम्मानित हुए।
शहर के मशहूर डाक टिकट, करेंसी नोट एवं सिक्कों के संग्रहकर्ता विनय भाणावत ने असिस्ट वर्ल्ड रिकॉर्ड्स रिसर्च फाउण्डेशन में अपना नाम दर्ज करवा कर दुनिया के नम्बर वन संग्रहकर्ता बनने का गौरव हासिल किया तथा पॉण्डिचेरी के मुख्यमंत्री थिरू एन रंगासामी के हाथों सम्मानित हुए।
आसिस्ट वर्ल्ड रिकॉर्ड्स रिसर्च फाण्डेशन की टीम लीडर सुचिता त्रिपाठी ने बताया कि मदर टेरेसा नर्सिंस एण्ड पी.जी. रिसर्च इंस्टीट्यूट ऑफ हेल्थ साईंस, गौरी मेटु इन्द्र नगर से आयोजित संस्था के वार्षिक समारोह में भारतीय करेंसी नोटों में दस रूपये के नोट में 786 संख्या वाले विश्व में सर्वाधिक नोट संग्रह करने पर पॉण्डिचोरी मुख्यमंत्री थिरू एन. रंगासामी ने विनय भाणावत को प्रमाण पत्र और स्मृति चिन्ह प्रदान कर सम्मानित किया।
इस अवसर पर विनय भाणावत के द्वारा सम्पूर्ण मेवाड़ की ओर से पॉण्डिचेरी मुख्यमंत्री थिरू एन. रंगासामी, मेवाड़ी पगड़ी पहनकर गद्गद हो गए।
इस समारोह में महात्मा गांधी के 1944 से 1948 तक निजी सचिव रहे थिरू वी. कल्याणम भी मौजूद थे, उन्हें भी विनय भाणावत ने श्रीनाथजी की तस्वीर भेंट की। भेंट स्वीकार कर थिरू वी. कल्याणम ने कहा कि श्रीनाथ जी की तस्वीर मेरे लिए अमूल्य उपहार है।
इस अवसर पर असिस्ट वर्ल्ड रिकॉर्ड्स रिसर्च फाउण्डेशन के संस्थापक-चेयरमेर आर. राजेन्द्रन ने बताया कि, “मैंने मेवाड़ की शूरवीरता और उदयपुर की सुन्दरता के बारे में पढ़ा है, अत: एक बार मैं उदयपुर अवश्य आने का प्रयास करूंगा”।
