क्या अब किसानों को PM किसान योजना का पैसा 6 हजार की जगह मिलेगा 10 हजार रुपये सालाना ? यहां जाने पूरी बात
Udaipur Times, PM Kisan Samman Nidhi : देश के करोड़ों किसानों के लिए प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना से जुड़ी बड़ी खबर सामने आई है। योजना के तहत मिलने वाली सालाना आर्थिक सहायता को बढ़ाने की चर्चा तेज हो गई है। भारतीय कृषक समाज के राष्ट्रीय अध्यक्ष और भारत सरकार की हाईपावर परचेज कमेटी (न्यूनतम समर्थन मूल्य) के सदस्य डॉ. कृष्णवीर चौधरी ने संकेत दिए हैं कि किसानों को मिलने वाली सम्मान निधि की राशि अगले साल से बढ़ाकर रु10,000 सालाना की जा सकती है। हालांकि, अभी केंद्र सरकार की ओर से राशि बढ़ाने को लेकर कोई आधिकारिक घोषणा नहीं की गई है।
किसानों की आय बढ़ाने पर है सरकार का फोकस
डॉ. कृष्णवीर चौधरी ने यह बात नूंह पंचायत भवन में आयोजित एक कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कही। उन्होंने कहा कि सरकार और कृषक समाज किसानों की आर्थिक स्थिति मजबूत करने के लिए लगातार प्रयास कर रहे हैं। किसानों को सस्ती दरों पर गुणवत्तापूर्ण खाद और बीज उपलब्ध कराने के साथ-साथ उनकी फसलों के लिए उचित न्यूनतम समर्थन मूल्य सुनिश्चित करने पर भी जोर दिया जा रहा है। उन्होंने कहा कि किसानों की आय बढ़ाना सरकार और किसान संगठनों की प्राथमिकताओं में शामिल है। खेती की लागत कम करने और किसानों को बेहतर आर्थिक अवसर उपलब्ध कराने की दिशा में भी लगातार काम किया जा रहा है।
रु6,000 से बढ़कर रु10,000 हो सकती है सम्मान निधि
प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना के तहत पात्र किसानों को फिलहाल हर साल रु6,000 की आर्थिक सहायता दी जाती है। यह राशि तीन बराबर किस्तों में किसानों के बैंक खातों में ट्रांसफर की जाती है। अब डॉ. कृष्णवीर चौधरी के बयान के बाद किसानों के बीच योजना की राशि बढ़ने की उम्मीद जगी है।
अगर केंद्र सरकार इस प्रस्ताव या संभावना पर मुहर लगाती है तो किसानों को सालाना रु10,000 की सहायता मिल सकती है। हालांकि, यह ध्यान रखना जरूरी है कि रु10,000 की राशि अभी आधिकारिक रूप से लागू नहीं हुई है। इसके लिए केंद्र सरकार के स्तर पर औपचारिक निर्णय और घोषणा जरूरी होगी।
नूंह में डॉ. इरशाद मदेपुर को मिली नई जिम्मेदारी
कार्यक्रम के दौरान डॉ. कृष्णवीर चौधरी ने डॉ. इरशाद मदेपुर को भारतीय कृषक समाज, नूंह का नया जिलाध्यक्ष मनोनीत किया और उन्हें नियुक्ति पत्र सौंपा। उन्होंने नवनियुक्त जिलाध्यक्ष को नूंह-मेवात क्षेत्र के छोटे किसानों को संगठित करने और उन्हें आर्थिक रूप से मजबूत बनाने की दिशा में काम करने के निर्देश दिए।
उन्होंने कहा कि छोटे किसानों के समूह बनाकर उन्हें खेती से जुड़े बेहतर अवसर उपलब्ध कराने पर ध्यान दिया जाना चाहिए। इसके साथ ही युवाओं को कृषि क्षेत्र से जोड़ने और किसान संगठनों की गतिविधियों को गांव-गांव तक पहुंचाने की जिम्मेदारी भी डॉ. इरशाद मदेपुर को सौंपी गई।
कार्यक्रम में कई लोगों ने की शिरकत
कार्यक्रम की अध्यक्षता हरियाणा के मुख्यमंत्री के मीडिया सलाहकार मुकेश वशिष्ठ ने की। वहीं अजीत सिंह तेवतिया और चौधरी ताहिर हुसैन ने मुख्य वक्ता के रूप में अपने विचार रखे। इस दौरान भाजपा जिलाध्यक्ष सुरेंद्र सिंह समेत कई अन्य गणमान्य लोग भी मौजूद रहे।
कार्यक्रम में खेल, शिक्षा, स्वास्थ्य, समाजसेवा और कृषि के क्षेत्र में उल्लेखनीय कार्य करने वाले युवाओं और समाजसेवियों को भी सम्मानित किया गया। इस मौके पर किसानों और युवाओं को कृषि क्षेत्र से जोड़ने तथा ग्रामीण स्तर पर आर्थिक गतिविधियों को बढ़ावा देने पर भी जोर दिया गया।
किसानों को आधिकारिक घोषणा का इंतजार
PM किसान सम्मान निधि की राशि बढ़ाकर रु10,000 करने को लेकर सामने आया बयान किसानों के लिए उम्मीद जरूर बढ़ाता है, लेकिन फिलहाल इसे संभावित बढ़ोतरी के तौर पर ही देखा जाना चाहिए। केंद्र सरकार की ओर से इस संबंध में आधिकारिक फैसला सामने आने के बाद ही यह स्पष्ट होगा कि राशि बढ़ाई जाएगी या नहीं और अगर बढ़ाई जाती है तो नई राशि कब से लागू होगी।