परिवार का साथ और महादेव में आस्था, बिना कोचिंग सेल्फ स्टडी से BPSC पास कर अफसर बनीं अदिति
Udaipur Times, Success Story of Aditi Kumari : बिहार लोक सेवा आयोग (BPSC) की 70वीं संयुक्त प्रतियोगिता परीक्षा का अंतिम परिणाम जारी होने के बाद कई प्रेरणादायक कहानियां सामने आ रही हैं। इनमें सारण जिले की रहने वाली अदिति कुमारी (Aditi Kumari) की सफलता की कहानी भी शामिल है। अदिति ने बिना किसी फुलटाइम कोचिंग के केवल सेल्फ स्टडी और टेस्ट सीरीज के सहारे परीक्षा पास की और 248वीं रैंक हासिल कर स्टेट टैक्स असिस्टेंट कमिश्नर (Assistant Commissioner of State Tax) के पद पर चयनित हुईं।

सारण की रहने वाली हैं अदिति
अदिति कुमारी सारण जिले के एकमा प्रखंड के अतरसन गांव की निवासी हैं। उनके पिता धर्मेंद्र कुमार सिंह भारतीय सेना में सूबेदार रह चुके हैं, जबकि मां किरण देवी गृहिणी हैं। पिता की नौकरी के कारण उनकी पढ़ाई अलग-अलग शहरों में हुई।
उन्होंने आठवीं तक की पढ़ाई छपरा के ब्रजकिशोर किंडरगार्टन स्कूल से की। इसके बाद 9वीं से 12वीं तक की शिक्षा पंजाब के गुरदासपुर स्थित आर्मी पब्लिक स्कूल से पूरी की।

दिल्ली यूनिवर्सिटी से की ग्रेजुएशन
स्कूल शिक्षा पूरी करने के बाद अदिति ने दिल्ली विश्वविद्यालय के गार्गी कॉलेज में दाखिला लिया। वर्ष 2022 में उन्होंने इतिहास और राजनीति विज्ञान में स्नातक की डिग्री हासिल की। वर्तमान में वह इग्नू (IGNOU) से इतिहास में परास्नातक (एमए) कर रही हैं।
UPSC और BPSC में मिली थी निराशा
कॉलेज के दौरान ही अदिति ने सिविल सेवा परीक्षा की तैयारी शुरू कर दी थी। साल 2024 में उन्होंने पहली बार UPSC परीक्षा दी, लेकिन प्रारंभिक परीक्षा में महज 2.66 अंक से कटऑफ पार नहीं कर सकीं। इसी साल उन्हें 69वीं BPSC परीक्षा में भी सफलता नहीं मिली।
लगातार दो असफलताओं से उनका आत्मविश्वास टूट गया था और उन्होंने 70वीं BPSC परीक्षा नहीं देने का मन बना लिया था। लेकिन माता-पिता के प्रोत्साहन और भरोसे ने उन्हें दोबारा प्रयास करने के लिए प्रेरित किया।

सेल्फ स्टडी से हासिल की सफलता
अदिति बताती हैं कि उन्होंने BPSC की तैयारी के लिए कभी फुलटाइम कोचिंग नहीं की। उन्होंने केवल सेल्फ स्टडी और टेस्ट सीरीज के जरिए तैयारी की। उनकी मेहनत रंग लाई और 70वीं BPSC परीक्षा में 248वीं रैंक हासिल कर उन्होंने स्टेट टैक्स असिस्टेंट कमिश्नर का पद प्राप्त किया।
IAS बनना है अगला लक्ष्य
अदिति का अंतिम लक्ष्य UPSC परीक्षा पास कर IAS अधिकारी बनना है। वह अपनी सफलता का श्रेय अपने माता-पिता के साथ-साथ भगवान शिव के आशीर्वाद को भी देती हैं। उनका कहना है कि कठिन समय में परिवार का साथ और भगवान पर विश्वास ही उन्हें आगे बढ़ने की ताकत देता रहा।
