भारतीय मूल के ऋषि सूनक बने यूके के प्रधानमंत्री

42 वर्षीय सूनक बने यूके के 57वे प्रधानमंत्री 

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rishi sunak

कभी भारत और समूचे दक्षिण एशिया पर राज करने वाले अंग्रेज़ो के मुल्क पर आज भारतीय मूल के 42 वर्षीय ऋषि सुनक यूके ने प्रधानमंत्री बन कर इतिहास रच दिया हैं। उन्हें ब्रिटिश प्रिंस चार्ल्स तृतीय ने बकिंघम पैलेस में शपथ दिलाई। शपथग्रहण के बाद ऋषि सुनक ने प्रिंस चार्ल्स के हाथों को चूमकर अपनी वफादारी की शपथ ली। 

लिज ट्रस के इस्तीफे के बाद सोमवार को कंजर्वेटिव पार्टी का नया नेता चुना गया था। लिज ट्रस ने अपनी आर्थिक नीतियों और कैबिनेट मंत्रियों के इस्तीफे को लेकर आलोचना झेल रही थीं। ऋषि सुनक एक साल के अंदर तीसरे ब्रिटिश प्रधानमंत्री हैं।

यूके के 57वे प्रधानमंत्री बनने वाले ऋषि सुनक गुजरांवाला (पाकिस्तान) के एक पंजाबी खत्री परिवार से हैं। सुनक का जन्म 12 मई 1980 को साउथैम्प्टन, हैम्पशायर, इंग्लैंड में पिता यशवीर और माता उषा सुनक के घर हुआ था। वह तीन भाई-बहनों में सबसे बड़े हैं। उनके दादा-दादी अविभाजित भारत के गुजरांवाला पंजाब (वर्तमान में पाकिस्तान) में पैदा हुए थे, और 1960 के दशक में पूर्वी अफ्रीका से अपने बच्चों के साथ यूके चले गए थे। सुनक ने अगस्त 2009 में भारतीय अरबपति, इंफोसिस के संस्थापक, एन. आर. नारायण मूर्ति की बेटी अक्षता मूर्ति से शादी की। उनकी दो बेटियां हैं।

यॉर्कशायर के रिचमंड से ऋषि सूनक 2015 में पहली बार संसद पहुंचे थे। उस समय ब्रेग्जिट का समर्थन करने के चलते पार्टी में उनका कद लगातार बढ़ता चला गया। ऋषि सूनक ने तत्कालीन ब्रिटिश प्रधानमंत्री थेरेसा मे की सरकार के संसदीय अवर सचिव के रूप में कार्य किया। थेरेसा मे के इस्तीफा देने के बाद, सूनक ने बोरिस जॉनसन के कंजरवेटिव नेता बनने के अभियान का समर्थन किया।  

जॉनसन ने प्रधान मंत्री नियुक्त होने के बाद सूनक ट्रेजरी का मुख्य सचिव नियुक्त किया गया था। चांसलर के रूप में, सुनक ने COVID-19 महामारी के आर्थिक प्रभाव के मद्देनजर सरकार की आर्थिक नीति पर प्रमुखता से काम किया।

सुनक के प्रधानमंत्री पद पर शपथग्रहण के बाद सबकी नजर उनके कैबिनेट पर टिकी हुई हैं। कुछ ही घंटों में सुनक अपनी नई टीम का ऐलान कर सकते हैं। सबकी नजर ब्रिटेन के वित्त मंत्री, विदेश मंत्री और गृह मंत्री के पद पर टिकी हुई हैं। 

 

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