रेजीडेंट डॉक्टर्स के हड़ताल पर जाने से व्यवस्थाएं चरमराई

हॉस्पिटल में आईसीयू, ओपीडी और इमरजेंसी सेवाएं पूरी तरह से बाधित रहीं

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doctors strike

उदयपुर 31 जुलाई 2024। संभाग के सबसे बड़े गवर्नमेंट हॉस्पीटल महाराणा भूपाल हॉस्पिटल में बुधवार को रेजीडेंट डॉक्टर्स के अचानक हड़ताल पर चले जाने से व्यवस्थाएं चरमरा गई । हॉस्पिटल में आईसीयू, ओपीडी और इमरजेंसी सेवाएं पूरी तरह से बाधित रहीं। 

इस कड़ी में 650 रेजीडेंट डॉक्टर्स के एक साथ हड़ताल पर चले जाने से सीनियर डॉक्टरों ने मोर्चा संभाला, लेकिन मरीजों की संख्या अधिक होने से ओपीडी के बाहर लम्बी कतारें लगी रहीं। मेडिसिन सहित अन्य कुछ विभागों के बाहर मरीजों की संख्या अधिक होने पर उनको घंटों इंतजार करना पड़ा।

सीनियर डॉक्टर्स के मोर्चा संभालने के बाद मरीजों को कुछ हद तक राहत मिली, लेकिन रेजीडेंट डॉक्टर्स के मुकाबले सीनियर डॉक्टर्स की संख्या बहुत कम होने से मरीजों को परेशानियों का सामना करना पड़ा।

सम्पूर्ण कार्य बहिष्कार के निर्णय के बाद बुधवार को सभी रेजीडेंट हॉस्पिटल के मेन पॉर्च में इकठ्ठा हुए और हॉस्पिटल प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। 

एसोसिएशन के अध्यक्ष डॉ. दीपक निनामा और महासचिव डॉ. जतिन प्रजापति ने संयुक्त रूप से बताया कि एमबी हॉस्पिटल में कार्यरत सभी रेजीडेंट डॉक्टर्स का पिछले एक साल से स्टाइपेंड, वेतन, एचआरए, एरियर का भुगतान नियमित रूप से नहीं किया जा रहा हैं । कई बार प्रशासन को अवगत करवाया गया लेकिन प्रशासन के रवैये में कोई परिवर्तन नहीं आया ।

इस पर अपनी प्रतिक्रिया देते हुए आरएनटी मेडिकल कॉलेज के प्रिंसिपल डॉ. विपिन माथुर का कहा की उन्होंने रेजीडेट्स को खूब समझाया कि एक-दो दिन की हड़ताल भी मरीजों के लिए ठीक नहीं है। यहां तक कि उन्होंने जयपुर स्थित डायरेक्टर बजट से रेजीडेंट यूनियन अध्यक्ष की वार्ता करवाई। जहां से उन्हें एक-दो दिन में पैसा रिलीज करने की बात कही गई। इसके बावजूद रेजीडेंट्स ने हठधर्मिता नहीं छोड़ी।

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