Udaipur Times, Defence News: गोवा शिपयार्ड लिमिटेड (GSL) ने अत्याधुनिक तेज गश्ती पोत (FPV) ICGS Ajit (यार्ड 1277) को भारतीय तटरक्षक बल (Indian Coast Guard) को औपचारिक रूप से सौंप दिया।
65 प्रतिशत से अधिक स्वदेशी सामग्री से निर्मित आईसीजीएस अजीत (ICGS Ajit) भारत की घरेलू रक्षा पोत-निर्माण उद्योग की बढ़ती क्षमताओं के साथ 51.43 मीटर लंबे और 8 मीटर चौड़े इस पोत का भार विस्थापन 330 टन है और इसका ड्राफ्ट 2.5 मीटर है। यह दो समुद्री डीजल इंजनों से संचालित होता है, जो नियंत्रित पिच प्रोपेलर (CPP) को घुमाते हैं। तेज गश्ती पोतों की इस श्रेणी में यह अपनी तरह की पहली सुविधा है, जिससे पोत की प्रणोदन क्षमता और परिचालन प्रदर्शन बेहतर होता है।
27 नॉट से अधिक की अधिकतम गति और 1,500 समुद्री मील की परिचालन सीमा वाले इस पोत में उन्नत एकीकृत मशीनरी नियंत्रण प्रणाली लगाई गई है, जो इसकी परिचालन तैयारी, क्षमता और टिकाऊपन को बेहतर बनाती है।
ICGS Ajit का संचालन 6 अधिकारियों और 35 नाविकों की टीम करेगी। इस पोत को कई महत्वपूर्ण समुद्री सुरक्षा अभियानों के लिए डिजाइन किया गया है, जिनमें मछली पकड़ने वाले क्षेत्रों की सुरक्षा, विशेष आर्थिक क्षेत्र (EEZ) की निगरानी, तटीय गश्त, तस्करी और समुद्री डकैती रोकने के अभियान तथा खोज और बचाव अभियान शामिल हैं।
ICGS Ajit के शामिल होने से भारत के तटीय और अपतटीय क्षेत्रों की सुरक्षा में भारतीय तटरक्षक बल (Indian Coast Guard) की क्षमताएं मजबूत होंगी और देश के समुद्री सुरक्षा ढांचे को और सुदृढ़ करने में योगदान मिलेगा।
इस महत्वपूर्ण समारोह से पूर्व ‘प्रथम वाचन समारोह’ कार्यक्रम में गोवा शिपयार्ड लिमिटेड के अध्यक्ष व प्रबंध निदेशक ब्रजेश कुमार उपाध्याय, निदेशक (संचालन) रियर एडमिरल नेल्सन डिसूजा (NM, भारतीय नौसेना—सेवानिवृत्त), निदेशक (वित्त) जहांगीर आलम अंसारी, निदेशक (CPP&BD) नागेश दास पाई, DIG वी. के. परमार (TM, PD (MAT)) और आईसीजीएस अजीत के कमांडिंग ऑफिसर कमांडेंट (जूनियर ग्रेड) मनीष टलन सहित भारतीय तटरक्षक बल तथा गोवा शिपयार्ड लिमिटेड के वरिष्ठ अधिकारी शामिल हुए।