उदयपुर शहर के दो प्रमुख पर्यटन स्थलों पर आज महिलाओें का राज रहा
मौका था हरियाली अमावस्या पर आयोजित होने वाले पारम्परिक मेले का जहां पर पुरुषों की एंट्री पर रही रोक
Udaipur Times News, Hariyali Mela Udiapur, Festivals of Udaipur , उदयपुर 13 अगस्त 2026 - रियासत काल से चली आ रही मेले की परम्परा आज तक जारी है।
लेकसिटी में ऐसा मेला, जहां पुरुषों की नो एंट्री मेले में हर ओर दिखाई देगी आधी आबादी 120 साल पहले शुरू हुई परम्परा आज भी अनवरत जारी मेवाड के महाराणा फ़तेह सिंह ने शुरू की थी मेले की परम्परा हरियाली अमावस्या पर हर साल लगता यह मेला रंग बिरंगे परिधान, पहनकर सज धजकर आई यह महिलाये हरियाली अमवस्या के मेले का मजा लेने के लिए आई है। Hariyali Mela 2026
खास तौर से महिलाओ के लिये लगे इस मेले में सेंकडों दुकानों पर महिलाये जमकर खरीददारी का मजा ले रही है और साथ ही मेले में खाने पीने की दुकानों पर बन रही चाट-पकोड़ी मालपुए, और सुहावने मौसम में कुल्फी के भी मजे ले रही है।

इन महिलाओ को सुरक्षा का कोई भय नहीं है, क्योकि ये मेला सिर्फ और सिर्फ महिलाओ के लिए लगाया जाता है, जहाँ पुरुषों की नो एंट्री होती है।
हरियाली अमावस्या के मौके पर 2 दिन तक उदयपुर की विश्वप्रसिद्ध फतहसागर झील से लेकर सहेलियों की बाड़ी तक 5 किलोमीटर की परिधि में इस मेले का आयोजन किया जाता है।
यहाँ आने वाले मेलार्थियो के आनंद को दुगुना करने के लिए मेले के बीच ही सांस्कृतिक कार्यक्रमों का भी आयोजन कर मन मोहक प्रस्तुतियां दी जाती है। मेले में महिलाओ के लिए साज-श्रंगार के लिए कई स्टाल्स पर श्रंगार की वस्तुएं उपलब्ध रहती है, तो वहीँ बच्चों के लिए भी कई दुकानों पर लगे हुए खिलोने बालमन को आकर्षित करते है।

मेले में आने वाले लोगो को सबसे ज्यादा आकर्षित करती है यहाँ लगी डोलर, और चक्कारियां, जो हर मेले की जान होती है। ऊँची ऊँची डोलर में बैठकर डर के साथ ही मनोरंजन का लुत्फ लेने के लिए महिलाये कतार लगाकर खडी रहती है। Festivals of Rajasthan
यहां आनी वाली महिलाओं का कहना है कि मेले में पुरूषों के नहीं होने से वे सहज और आजाद महसुस करती है।
दरसअल उदयपुर में मेले की यह परम्परा करीब 120 साल पहले महाराणा फतह सिंह के राज में आम महिलाओ को पुरूषों के समान हक़ देने के लिए की शुरुआत की थी, ताकि यहां आने वाली महिलाएं बिना किसी घुंघट के खुलकर मेले का लुफ्त उठा सके, खरीददारी कर सके और पूरा इंजायमेन्ट कर सके। तभी से आज तक हर साल मेला लगाया जाता है, ताकि महिलांए भी खुल आजादी महसूस करते हुए इसका आनंद ले सके। Udiapur News
इस मेले को लेकर नगर निगम के साथ पुलिस और प्रशासन द्वारा सुरक्षा के लिए खासी व्यवस्थांए की जाती है, ताकि किसी को कोई दिक्कत नही आये। पुलिस की ओर ड्रोन और दूरबीन के जरिये नजर रखी जाती है।
Photo Credit : Kamal Kumawat
