हवाला खुर्द गांव में सार्वजनिक चबूतरे पर कब्जे को लेकर विवाद

ग्रामीणों ने की निष्पक्ष जांच की मांग

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hawala khurd

उदयपुर 23 सितंबर 2025। हवाला खुर्द गांव के ग्रामीणों ने पुलिस अधीक्षक को ज्ञापन सौंपकर गांव में बने सार्वजनिक चबूतरे पर अवैध कब्जे और पुलिस की मिलीभगत का आरोप लगाया है। ग्रामीणों ने मांग की है कि पूरे मामले की जांच किसी उच्चाधिकारी से करवाई जाए और आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई हो।

ग्रामीणों ने बताया कि गांव में चारभुजा मंदिर से जुड़े सार्वजनिक चबूतरे का निर्माण करीब 35 साल पहले ग्राम पंचायत बड़ी द्वारा कराया गया था। तब से यह चबूतरा सभी सामाजिक और धार्मिक कार्यक्रमों का केंद्र रहा है। 

ग्रामीणों का आरोप है कि सत्यनारायण धाबाई, उसका पुत्र खुशवंत और पत्नी इन्द्रा बाई चबूतरे पर कब्जे की कोशिश कर रहे हैं। हाल ही में उन्होंने अपने घर का फाटक चबूतरे की ओर खोल दिया, जिस पर ग्रामीणों ने आपत्ति जताई।

ग्रामीणों का कहना है कि विरोध करने पर आरोपियों ने पुलिस से मिलीभगत कर उनके खिलाफ झूठी रिपोर्ट दर्ज करवाई। वहीं, 22 सितंबर को नवरात्रि कार्यक्रम के दौरान पुलिस थानाधिकारी नाई सिविल ड्रेस में बिना नंबर की गाड़ी से गांव पहुंचे और कथित रूप से चबूतरे को तोड़ने का प्रयास किया। ग्रामीणों का आरोप है कि थानाधिकारी ने गांववालों को झूठे मुकदमों में फंसाने की धमकी दी।

ग्रामीणों ने इस घटना का वीडियो भी रिकॉर्ड किया है। उनका कहना है कि पुलिस को चबूतरे को तोड़ने का कोई कानूनी अधिकार या न्यायालय का आदेश प्राप्त नहीं था। ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि पुलिस की भूमिका संदिग्ध है और वह आरोपियों को फायदा पहुंचाने की कोशिश कर रही है।

ग्रामीणों ने पुलिस अधीक्षक से मांग की है कि सत्यनारायण धाबाई, खुशवंत और इन्द्रा बाई के खिलाफ मामला दर्ज किया जाए और निष्पक्ष जांच किसी उच्चाधिकारी से करवाई जाए, ताकि उन्हें न्याय मिल सके।