अनुभव प्रमाण पत्र की अनिवार्यता समाप्त होने से सफाई कर्मचारी भर्ती के आवेदकों में उत्साह

महापौर ने  मुख्यमंत्री से मुलाकात कर उठाया था मुद्दा
 | 
Nagar Nigam

 

Udaipur Times News, उदयपुर 8 अक्टूबर 2026 -  सफाई कर्मचारी भर्ती में अनुभव प्रमाण पत्र की अनिवार्यता समाप्त किए जाने के राज्य सरकार के निर्णय का उदयपुर में सफाई कर्मचारी अभ्यर्थियों, सफाई कर्मचारी संघ एवं वाल्मीकि समाज ने स्वागत किया है। नगर निगम उदयपुर के महापौर पारस सिंघवी द्वारा लंबे समय से इस विषय को लेकर लगातार किए जा रहे प्रयासों के बाद राज्य सरकार की ओर से यह महत्वपूर्ण निर्णय लिया गया है।

नगर निगम उदयपुर द्वारा जारी कार्यालय आदेश में राजस्थान उच्च न्यायालय, जोधपुर पीठ के 25 सितंबर 2026 को पारित निर्णय का उल्लेख करते हुए स्पष्ट किया गया है कि संविदा सफाई कर्मचारी भर्ती में सभी आवेदक बिना अनुभव प्रमाण पत्र के ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं। शेष शर्तें यथावत रहेंगी।

महापौर पारस सिंघवी ने सफाई कर्मचारी भर्ती में अनुभव प्रमाण पत्र की अनिवार्यता समाप्त करने को लेकर पिछले लंबे समय से राज्य सरकार के समक्ष लगातार मांग रखी थी। Udaipur Municipal Corporation 

उन्होंने इस संबंध में कई बार पत्र प्रेषित कर सफाई कर्मचारी भर्ती में अनुभव प्रमाण पत्र की अनिवार्यता को समाप्त करने की मांग की थी, ताकि अधिक से अधिक पात्र अभ्यर्थियों को भर्ती प्रक्रिया में शामिल होने का अवसर मिल सके। महापौर सिंघवी ने हाल ही में जयपुर में राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा से व्यक्तिगत मुलाकात कर भी इस महत्वपूर्ण विषय को प्रमुखता से उठाया था। उन्होंने मुख्यमंत्री के समक्ष सफाई कर्मचारी भर्ती से जुड़े अभ्यर्थियों की समस्याओं को रखते हुए अनुभव प्रमाण पत्र की अनिवार्यता समाप्त करने की मांग की थी। राज्य सरकार द्वारा लिए गए इस निर्णय से सफाई कर्मचारी भर्ती की तैयारी कर रहे युवाओं में खासा उत्साह है।

विशेष रूप से उन अभ्यर्थियों को राहत मिलेगी, जो अनुभव प्रमाण पत्र के अभाव में भर्ती प्रक्रिया में आवेदन करने से वंचित होने की आशंका जता रहे थे। नगर निगम सफाई कर्मचारी संघ ने महापौर पारस सिंघवी के प्रयासों की सराहना करते हुए उनका आभार व्यक्त किया। संघ पदाधिकारियों ने कहा कि महापौर द्वारा लगातार इस विषय को सरकार के समक्ष उठाने और मुख्यमंत्री से व्यक्तिगत रूप से मुलाकात कर मांग रखने का सकारात्मक परिणाम सामने आया है। Udaipur News 

वहीं वाल्मीकि समाज की ओर से भी राज्य सरकार के इस निर्णय का स्वागत किया गया है। समाज के प्रतिनिधियों ने कहा कि अनुभव प्रमाण पत्र की अनिवार्यता हटने से भर्ती प्रक्रिया में अधिक अभ्यर्थियों को अवसर मिलेगा और लंबे समय से चली आ रही मांग पूरी हुई है।

महापौर पारस सिंघवी ने कहा कि सफाई कर्मचारियों के हितों और उनके अधिकारों से जुड़े विषयों को प्राथमिकता के साथ राज्य सरकार के समक्ष उठाया जाता रहेगा। उन्होंने कहा कि जरूरतमंद एवं पात्र युवाओं को रोजगार के अवसर उपलब्ध करवाने की दिशा में यह निर्णय महत्वपूर्ण कदम है।

Follow UdaipurTimes on Facebook , Instagram , and Google News