PUCL ने उदयपुर में शिव मूर्ति को खंडित करने के मामले की कड़ी निंदा करते हुए बुल्डोज़र कार्यवाही को भी अवैध ठहराया
UdaipurTimes, Udaipur Local News: उदयपुर में इंदिरा नगर बीड़ा क्षेत्र में शिव मूर्ति खंडित करने के मामले की PUCL ने पुरजोर शब्दों में निंदा की है।
पीपल्स यूनियन फॉर सिवल लिबर्टी के उदयपुर शाखा के अध्यक्ष अरुण व्यास और सचिव याकूब मोहम्मद द्वारा जारी विज्ञप्ति में यह बात कही। साथ ही, इस घटना की आड में क्षेत्र का माहौल बिगाड़ने के प्रयास के प्रति चिंता व्यक्त कर, उदयपुर प्रशासन से गुज़ारिश की है कि घटना की निष्पक्ष जांच की जाए, दोषी व्यक्ति को कठोर दंड दिलाने की कानून सम्मत रीति से पुख्ता व्यवस्था की जाए एवं किसी निर्दोष को तंग न किया जाए।
PUCL की विज्ञप्ति में बताया कि पुलिस जांच में इस घटना में फ़िरोज़ नाम के व्यक्ति को डिटेन किया गया है वहीं कई संगठनों द्वारा उसके मकान को बुलडोज़ करने का दबाव बनाया है और प्रशासन ने घुटने टेकते हुए उसके मकान में अवैध बेसमेंट, प्रथम मंज़िल एवं जमीन के स्वामित्व पर सवाल उठाते हुए, उसका कब्जा और निर्माण दोनों को अवैध ठहराया है। उसे 15 दिन के भीतर कागज पेश करने को है अन्यथा खुद हटाने के निर्देश नुमा नोटिस दिया है।
PUCL ने इस कार्यवाही का विरोध करते हुए ज़िला प्रशासन को आगाह किया है कि भारत के कानून में ऐसा कोई प्रावधान नहीं है, की किसी व्यक्ति के आरोप न्यायालय द्वारा सिद्ध होने से पहले ही निशाना बनाया जाए।
सर्वोच्च न्यायलय ने बुलडोजर न्याय को स्पष्ट रूप से अपने 2024 के आदेश में असंवैधानिक ठहराया है।
PUCL ने जिला प्रशासन एवं पुलिस अधीक्षक से मांग की कि दबाव में गैर कानूनी कदम न उठाए, किसी मकान को ध्वस्त नहीं करे, नगर के सौहार्द को बनाए रखें, गुंडे तत्वों पर नियंत्रण रखे, संविधान और विधि के शासन का सम्मान करे। साथ शहर के सौहार्द की हालात पर पूरी निगरानी रखें, कानून-व्यवस्था को मजबूत बनाए रखें और किसी भी तरह की अफवाह या तनाव को बढ़ने न दें जिससे उदयपुर का भाईचारा भी कायम रहे।