City of Hundred Island बांसवाड़ा को मिलेगी नई पहचान

माही बांध बनेगा नया पर्यटन हब

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Mahi Dam backwaters with Hundred Islands in Banswara Rajasthan scenic eco tourism destination

जयपुर/उदयपुर 25 मार्च 2026 । वागड़ अंचल में सिंचाई के लिए जल उपलब्ध कराने और बिजली उत्पादन में अहम योगदान निभाने वाला माही बांध अब पर्यटन के नए आयाम भी स्थापित करेगा। बांध भराव क्षेत्र में स्थित अनुपम प्राकृतिक धरोहर ‘हण्ड्रेड आइलेंड्स‘ और आसपास की भूमि पर सुनियोजित पर्यटन विकास हो सकेगा। इसके लिए मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के मार्गदर्शन में राज्य सरकार ने क्षेत्र को पर्यटन पहचान देने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल की है।

Mahi bandh Banswara

राज्य सरकार के प्रशासनिक सुधार विभाग द्वारा उच्चस्तरीय समिति गठन किया गया है। यह समिति बांध क्षेत्र में पर्यटन विकास के लिए विस्तृत मास्टर प्लान तैयार करेगी। इसके जरिए नियंत्रित और पर्यावरण-अनुकूल पर्यटन गतिविधियां विकसित की जा सकेंगी। इससे जल संरक्षण के साथ-साथ स्थानीय स्तर पर रोजगार के नए अवसर भी सृजित होंगे।

उच्चस्तरीय समिति में संभागीय आयुक्त उदयपुर अध्यक्ष

राज्य सरकार की गठित समिति में उदयपुर संभागीय आयुक्त को अध्यक्ष बनाया गया है। इनके साथ बांसवाड़ा ज़िला कलेक्टर, जल संसाधन बांसवाड़ा मुख्य अभियंता, उपवन संरक्षक बांसवाड़ा, जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी वृत्त बांसवाड़ा के अधीक्षण अभियंता, राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड बांसवाड़ा के क्षेत्रीय अधिकारी, सहायक नगर नियोजक बांसवाड़ा, पर्यटन विभाग के सहायक निदेशक को सदस्य बनाया गया है। समिति में निर्माण वृत्त माही परियोजना के अधीक्षण अभियंता को सदस्य सचिव बनाया गया है। जल संसाधन विभाग को समिति का प्रशासनिक विभाग बनाया गया है।

Mahi Bandh Banswara

समिति माही बांध के जल भराव क्षेत्र, आइलैंड्स एवं आसपास की राजकीय और निजी भूमि के भूमि-उपयोग निर्धारण, डिमार्केशन, लीज/आवंटन, वाटर स्पोर्ट्स एवं पर्यटन गतिविधियों के संचालन के लिए नियम, दिशा निर्देश तैयार करेगी। साथ ही, जल के सदुपयोग को ध्यान में रखते हुए किसी भी प्रकार के प्रदूषण नहीं होने और पर्यावरणीय मानकों का सख्ती से पालन सुनिश्चित करेगी।

वाटर एक्टिविटीज और इको-टूरिज्म पर रहेगा फोकस

माही बैक वाटर में फैले टापू, चारों ओर हरियाली और पहाड़ियों से घिरा यह इलाका पहले ही पर्यटकों को आकर्षित कर रहा है। ‘सिटी ऑफ हंड्रेड आइलेंड्स’ के रूप में पहचान बना चुके इस क्षेत्र में वाटर एक्टिविटीज, नेचर-बेस्ड टूरिज्म, व्यू-पॉइंट और अन्य आकर्षण विकसित किए जा सकेंगे। राज्य सरकार के इस सुनियोजित प्रयास से यह क्षेत्र न केवल राजस्थान बल्कि देश के प्रमुख इको-टूरिज्म डेस्टिनेशन के रूप में उभरेगा।

Mahi Bandh Banswara

राज्य सरकार की दूरदर्शी पहल

‘माही बांध का विकास संतुलित, पर्यावरण-अनुकूल और राजस्व संवर्धन से हो सकेगा। आने वाले समय में एक ऐसा मॉडल विकसित होगा, जिससे क्षेत्रीय विकास, पर्यटन और जल संरक्षण के उद्देश्यों की पूर्ति हो सकेगी। यह प्रयास माही क्षेत्र को नई पहचान देने के साथ अंचल के समग्र विकास में मील का पत्थर साबित होगा।‘- सुरेश सिंह रावत, जल संसाधन मंत्री

Mahi Dam Banswara